अगर रोजाना आपको घर से बाहर निकलना होता है? बाहर रह कर काम करना होता है और सूरज की तपिश से सामना होता है, तो आपको ‘लू’ लगने की ज्यादा संभावना है. ‘लू’ लगने का प्रमुख कारण शरीर में नमक और पानी की कमी का होना है. गरमी में निकलने वाले पसीने के जरिए शरीर से नमक और पानी का एक बड़ा हिस्सा बाहर निकल जाता है. इस तरह हममें से ज्यादातर लोग ‘लू’ के शिकार हो जाते हैं.
लू के लक्षण: लू लगने के कई लक्षण हैं, जैसे सिर में भारीपन होना, नाड़ी की गति बढ़ना, खून की गति तेज हो जाना, सांस लेने में दिक्कत होना, शरीर में ऐंठन होना, तेज बुखार, हाथ और पैरों के तलवों में जलन होना, आंखों में जलन आदि. अगर इन लक्षणों की ओर समय रहते ध्यान नहीं दिया और उपचार नहीं किया गया, तो रोगी की मौत तक हो सकती है.
बचाव के उपाय: ‘सावधानी हटी तो दुर्घटना घटी’ अक्सर आपने यह पंक्ति कई सड़कों पर बनें साइन बोर्ड पर लिखी देखी होगी. यह पंक्ति केवल परिवहन के क्षेत्र में ही नहीं इंसानी शरीर के लिए भी उसी तरह से लागू होती है. अगर आप अपनी सेहत का खयाल नहीं रखेंगे तो बीमारियां आपको जिंदा नहीं रहने देंगी. लू से बचने के कुछ उपाय नीचे दिए गए हैं.
