Egg freezing : आकांक्षा रंजन कपूर ने अपनाई ऐग फ्रीजिंग तकनीक

आकांक्षा रंजन कपूर एक अमेरिकी अभिनेत्री हैं जो हिंदी फिल्मों में काम करती हैं. ‘जिगरा,’ ‘ओ माय डार्लिंग,’ ‘मोनिका’ फिल्मों में काम कर आकांक्षा ने धीरेधीरे मनोरंजन की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाने की शुरुआत की. 2020 में उन्हें फिल्म ‘गिल्टी’ के लिए फिल्मफेयर और ओटीटी अवार्ड के लिए नामांकित किया गया.

आकांक्षा ने अपनी जिंदगी के एक बेहद निजी फैसले पर खुल कर बात की. आकांक्षा ने बताया कि उन्होंने अपने ऐग्स फ्रीज करवाए हैं और इस फैसले तक पहुंचने की पूरी मुश्किल और भावनात्मक यात्रा भी सा?ा की. आकांक्षा के अनुसार इस फैसले के पीछे कई कारण हैं जैसे कैरियर और पर्सनल लाइफ इत्यादि.

इस प्रोसैस की शारीरिक और मानसिक चुनौतियों के बारे में बताते हुए आकांक्षा ने कहा कि यह एक ऐसी प्रक्रिया है जिस से कई महिलाएं गुजरती तो हैं लेकिन खुल कर बात कम ही करती हैं. मैं ने हाल ही में अपने ऐग्स फ्रीज करवाए. पहले मेरा यह शेयर करने का कोई प्लान नहीं था लेकिन फिर लगा कि इस में बुराई ही क्या है.

akanksha ranjan

आकांक्षा का कहना है कि महिला का शरीर वाकई कमाल का होता है. मेरे पहले 2 हफ्ते थोड़े मुश्किल वाले रहे. हर दिन इंजैक्शन, हारमोंस का उतारचढ़ाव, सूजन, मूड स्विंग, लगातार स्कैन, दवाइयां, आईवी ड्रिप और आखिर में सर्जरी. लेकिन बस इतना कहना चाहती हूं कि महिलाएं वाकई जबरदस्त होती हैं. मैं खुद अपने शरीर की सम?ादारी और ताकत देख कर हैरान हूं. इस प्रोसैस के बाद अब मैं पूरा समय ले कर अपने मनचाहे काम करने और कैरियर बनाने के लिए आजाद हूं.

ऐग्ज फ्रीज कराने जैसे टौपिक पर धीमी आवाज में बात होती है लेकिन आकांक्षा ने इस पर खुल कर अपने विचार रखे. लोग महिलाओं की पसंद, सही समय और कैरियर, सपनों व निजी जिंदगी के बीच संतुलन की बात करते हैं लेकिन आकांक्षा ने अपने लिए जरूरी फैसले ले कर बात की. वर्क फ्रंट की बात करें तो आकांक्षा जल्द ही फिल्म ‘इक्का’ में सनी देओल और अक्षय खन्ना के साथ नजर आएंगी.

कैरियर   सैल्फ डिपैंड होने की चाह या फिर देर से शादी करने का फैसला जैसे रीजंस के कारण आजकल लड़कियां ऐग फ्रीजिंग तकनीक का यूज करने लगी हैं. देखा जाए तो यह सही भी है क्योंकि आजकल के दौर में भी लड़कियों पर जल्दी शादी कर के बच्चा पैदा करने का प्रैशर होता है ताकि वे अपने कैरियर को ताक पर रख कर घर के अंदर ही रहें और बच्चा संभालें.

यह तकनीक उन्हें अपनी मरजी से मां बनने की आजादी देती है. आइए, जानते हैं कि क्या है ऐग फ्रीजिंग तकनीक और कैसे इस का इस्तेमाल किया जा सकता है:

क्या है ऐग फ्रीजिंग

यह एक ऐसी मौडर्न तकनीक है जिस में अच्छी क्वालिटी के हैल्दी फीमेल ऐग्स को सुरक्षित किया जाता है. इस प्रोसैस में कुछ समय तक मैडिसिंस की हैल्प से ऐग्स को डैवलप किया जाता है फिर दूसरे प्रोसैस से उन्हें निकाल कर बहुत कम तापमान पर फ्रीज कर दिया जाता है ताकि भविष्य में उन का यूज किया जा सके.

ऐज और हैल्थ के हिसाब से कब सही

आमतौर पर 20 से 30 की उम्र में ऐग्स क्वालिटी के हिसाब से हैल्दी और फ्रीज करने लायक होते हैं. ऐसी युवतियां जिन्हें कम उम्र में गंभीर बीमारियां हों वे भी ट्रीटमैंट चलने तक इस तकनीक से ऐग फ्रीज करवा सकती हैं. फिर डाक्टर की सलाह से मां बनने के लिए इन का यूज कर सकती हैं.

कई बार अर्ली मेनोपौज या ऐग्स बनने की प्रक्रिया जल्दी खत्म होने की फैमिली हिस्ट्री होती है. यदि ऐसा है तो सही उम्र में ऐग्स फ्रीज करवाने में समझदारी होती है.

इस तकनीक में ऐग फ्रीजिंग प्रोसैस कुछ मैडिकल टैस्ट से शुरू होता है इसलिए इस प्रोसैस को पूरा होने में कुछ वीक का समय लग सकता है. इस तकनीक से गर्भधारण की सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि आप ने किस उम्र में ऐग्स फ्रीज करवाए. इस तकनीक से 100त्न गर्भधारण होगा ही, यह नहीं कहा जा सकता लेकिन यह आप को एक होप तो देता ही है. इस प्रोसैस में कुछ साइड इफैक्ट्स भी हो सकते हैं इसलिए इस तकनीक को अपनाने से पहले डाक्टर से बात जरूर कर लें.

कितना खर्च

क्लीनिक विजिट, टैस्ट और मैडिसिन इत्यादि का खर्च मिला लें तो आमतौर पर 2 से 3 लाख के बीच खर्च हो सकता है. फिर ऐग्स स्टोरेज की लागत सालाना 10 से 20 हजार के बीच हो सकती है.

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