Slimmer’s Paralysis : आज के टेक्निकल युग में हमें हर चीज़ एक क्लिक में यानि शार्टकट में पाने की एक आदत सी पड़ गई है. चाहे शॉपिंग हो ,सवालों के जवाब हों ,कहीं जल्दी जाना हो, जिस कारण अब हमें हर वक़्त किसी भी ख्वाहिश को पूरा करने के लिए जल्दी ही रहती है. लेकिन कहा जाता है न जल्दी का काम शैतान का होता है. और आज कल यही जल्दी हम वेट लॉस को लेकर कर रहे हैं जहाँ हमें जल्द से जल्द मोटापा कम कर स्लिम बॉडी पाने की खुवाइश रहती है और इसके लिए अत्यधिक वेटलॉस डाइटिंग को अपनाते हैं व कुछ लोग जरूरत से ज्यादा व्यायाम करने लगते हैं जोकि उनकी सेहत को बेहद नुकसान पहुँचता है जिससे व्यक्ति कई बीमारियों से भी पीड़ित हो जाता है उनमे से एक है सलीमर्स पैरालिसिस.

क्या है स्लिमर्स पैरालिसिस

स्लिमर्स पैरालिसिस एक तंत्रिका तंत्र से जुड़ी समस्या है जिसमे पंजे को उठाने वाली पेरोनियल नर्व पैरालिसिस हो जाती है. जब कोई व्यक्ति तेजी से वजन घटता है तब नर्व के आसपास का फैट सिकुड़ने लगता है जिस कारण नर्व पर दबाव बढ़ जाता है. जिससे नर्व का इलेक्ट्रिक करंट बाधित होता है और सूजन आने लगती है.नतीजतन स्लिमर्स पैरालिसिस की समस्या हो जाती है.

लक्षण को जानें

चलने में दिक्क़त व चाल में बदलाव आना.

घुटने से लेकर उँगलियों तक में झंझनाहट, सुन्नपन होना.

उंगलियों को चलाने में परेशानी होना.

पैर में दर्द के साथ साथ करंट जैसा महसूस होना.

निजात

अधिक डाइटिंग करने से शरीर में विटामिन बी 1,बी 6,बी 12 की कमी के साथ साथ प्रोटीन की कमी आ सकती है ये विटामिन मासपेशियों और नर्वस के समन्वय से जुड़े होते हैं इनकी कमी से लकवे जैसी स्थिति होने लगती है शरीर में कैलरी की कमी पेरीफेरल न्यूरोपेथी की समस्या होने लगती है. ऐसे में जरूरी है की यदि आप वजन कम करना चाहते हैं तो विशेषज्ञ से सलाह अवश्य लें.एक डाइट चार्ट फॉलो अवश्य करें.साथ ही एक्सरसाइज का तरीका व समय तय करें. शरीर में हो रहे अचानक बदलावो को अनदेखा ना करें.

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