Commitment issues in relationships : पिछले कुछ महीनों से एक ही ऑफिस में काम करने वाले नीलम के साथ राजेश की दोस्ती हुई, दोनों एक साथ कही घूमने – फिरने से लेकर ऑफिस में खाना भी साथ – साथ खाने लगे. दोनों की दोस्ती इतनी अधिक गहरी हो गई कि अब दोनों को एक दूसरे के बिना कुछ भी करना नागवार गुजरने लगा. दोनों ने आसपास किराये के कमरे भी ले लिए, लेकिन एक दिन जब नीलम ने दोस्ती को शादी का रूप देने की बात कही, तो राजेश सिरे से नकार दिया. उसके हिसाब से ये रिश्ता उसके लिए सिर्फ एक दोस्ती के अलावा कुछ भी नहीं है. नीलम समझ रही थी कि राजेश झूठ बोल रहा है और शादी के कॉमिटमेंट से घबरा रहा है, लेकिन इसे प्रूव करना उसके वश में नहीं था.
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