Mother’s Day 2026 : अगर आप चाहती हैं कि आप की मां जमाने के साथ कदम से कदम मिला कर चलें, तो आज से ही उन्हें टेक्नोलौजी फ्रैंडली बनाना शुरू कर दें. माना कि शुरू में वे आप से नाराज होंगी और कहेंगी कि मेरे पास अपने काम क्या कम हैं जो अब मैं यह भी सीखूं? लेकिन आप को उन्हें प्यार से इस को सीखने के फायदे और न सीखने के नुकसान बताने हैं.
उन्हें बताएं कि किस तरह डिजिटल पेमेंट देख कर बिल आदि जमा करने के लिए उन्हें किसी का मुंह देखने की जरूरत नहीं पड़ेगी। अब शौपिंग करने जाने पर उन्हें पैसों के खोने का डर नहीं होगा बल्कि अब वे पेटीएम और कार्ड से खुद शौपिंग कर पाएंगी। इस तरह बड़े ही मजेदार तरीके से सीखने के लिए प्रेरित करना है ताकि उन्हें यह कोई काम न लगे बल्कि वह उन के टाइमपास करने और नौलेज लेने का आसान तरीका बन जाएं।
मां का टेक्नोलौजी से परिचय कैसे कराएं
व्हाट्सऐप पर वौयस नोट्स : मां को बताएं कि अब अपने दिल की बात कहने के लिए उन्हें किसी भाषा का मुंह देखने की जरूरत नहीं है बल्कि एक छोटा सा बटन दबा कर वे दिल की बात कह सकती हैं. यह उन के लिए पुराने वौकीटौकी जैसा रोमांचक लगेगा। अगर उन्हें इंग्लिश में टाइप करना नहीं आता और हिंदी में समय ज्यादा लगता है तो इसे यूज कर सकती हैं.
स्टेटस अपडेट
उन्हें सिखाएं कि वे अपने दिन की छोटीछोटी खुशियां या अपनी लिखी कोई बात (जैसे कविता या विचार) स्टेटस पर कैसे लगा सकती हैं। जब उन्हें लोगों के रिप्लाई मिलेंगे, तो उन्हें बहुत अच्छा लगेगा।
वीडियो भेजना : उन्हें गैलरी से वीडियो सिलेक्ट कर के ट्रिम करना और भेजना सिखाएं।
यूट्यूब यूज करना सिखाएं : कई बार मां को यूट्यूब पर खुद ही कोई गाना चल जाए, तो वह उन्हें सुनना तो आता है लेकिन उन्हें उस के टूल्स का इस्तेमाल करना ढंग से नहीं आता. वह सिखाएं।
कई बार टाइप करना बोरिंग होता है। उन्हें माइक का इस्तेमाल करना सिखाएं ताकि वे बोल कर अपनी पसंद के गाने, कुकिंग रैसिपी या पुराने सीरियल ढूंढ़ सकें।
उन्हें बताएं कि जो वीडियो उन्होंने एक बार देखा है, उसे वे दोबारा कैसे ढूंढ़ सकती हैं।
उन के पसंदीदा चैनल्स को सब्सक्राइब करना सिखाएं ताकि उन्हें नए वीडियो का नोटिफिकेशन मिलता रहे।
अपने खुद के वीडियो बना कर यूट्यूब पर वह कैसे डाल सकती हैं, यह भी बताएं।
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डिजिटल दुनिया का स्मार्ट यूजर बनाएं
ओटीपी (OTP) की लक्ष्मण रेखा समझाएं : मां को समझाएं कि ओटीपी को कभी किसी अजनबी को नहीं दिया जाता।
उन्हें समझाएं कि कोई भी बैंक फोन पर ओटीपी नहीं मांगता, चाहे सामने वाला कहे कि बैंक मैनेजर बोल रहा है या लौटरी लगी है, उन्हें साफ मना कर दें और किसी को भी 4 या 6 अंकों का कोड न बताएं।
अगर कोई फोन पर कहे कि यह ऐप (जैसे AnyDesk या TeamViewer) डाउनलोड करो, तो तुरंत मना कर दें।
अनजान लिंक्स को क्लिक नहीं करें
अकसर व्हाट्सऐप पर मैसेज आते हैं – फ्री रिचार्ज के लिए यहां क्लिक करें या सरकार सब को ₹4000 दे रही है।
उन्हें सिखाएं कि नीले रंग के लिंक्स (links) पर कभी क्लिक न करें। यह लिंक फोन को हैक कर सकते हैं या उन की निजी जानकारी चुरा सकते हैं।
उन्हें बताएं कि अगर लिंक भेजने वाला व्यक्ति अजनबी है या मैसेज बहुत अजीब लग रहा है, तो उसे तुरंत डिलिट कर दें।
अगर कोई फोन आता है कि आप का बिजली का बिल जमा करने की लास्ट डेट है, तो कुछ न कहें और फोन बंद कर दें और अपने बाकी फैमिली मेंबर से इस के बारे में बात करें।
उन के फोन में ट्रूकौलर (Truecaller) इंस्टौल करें और उन्हें सिखाएं कि लाल रंग में आने वाले स्पैम कौल्स को न उठाएं।
उन्हें फोन में बायोमीट्रिक का यूज करना सिखाएं। अगर उन के फोन में फीचर है, तो उन्हें फिंगरप्रिंट या फेसलौक इस्तेमाल करना सिखाएं। यह सुरक्षित भी है और उन्हें पासवर्ड याद रखने की भी टेंशन नहीं होगी।
फोटो पोस्ट करते समय हमेशा अपनी लाइव लोकेशन डालना जरूरी नहीं है, यह बात उन्हें प्यार से समझाएं।
आप चाहें तो उन के साथ एक मौक ड्रिल भी कर सकती हैं और कभी उन्हें अजनबी बन कर कौल करें तो उन का पासवर्ड, ओटीपी लेना चाहें। तब देखें वे कैसे रिएक्ट करती हैं, इस से उन्हें कौन्फिडेंस आएगा। आप ऐसा उन्हें बता कर भी कर सकती हैं.
डिजिटल पेमेंट करना सिखाएं
स्कैन और पे (Scan & Pay) करना बताएं। उन्हें सिखाएं कि दुकान पर लगे क्यूआर कोड (QR code) को कैसे स्कैन करते हैं।
उन्हें बताएं कि अमाउंट डालने के बाद पिन डालना ही आखिरी स्टेप है। इसे उन के लिए डिजिटल सिग्नेचर की तरह समझाएं।
खुद का मोबाइल रिचार्ज और बिल पेमेंट
उन्हें सिखाएं कि कैसे वे घर बैठे अपना या आप का फोन रिचार्ज कर सकती हैं। बिजली, पानी या गैस का बिल भरने का तरीका बताएं। जब वे पहली बार खुद बिल भरेंगी, तो उन्हें अपनी आजादी का एहसास होगा और पता चलेगा कि अब वे किसी पर निर्भर नहीं हैं.
बैंक बैलेंस चेक करना बताएं
अकसर लोगों को बैंक जा कर पासबुक अपडेट कराने की आदत होती है। उन्हें ऐप के अंदर ही चेक बैंक बैलेंस (Check Bank Balance) का फीचर सिखाएं। इस से वे जब चाहें अपनी बचत देख सकेंगी, जो उन्हें सुरक्षित महसूस कराएगा।
डिजिटल पेमेंट करते समय क्या ध्यान रखें
मां को यह गांठ बांध कर समझाएं कि पैसे प्राप्त करने (Receive करने) के लिए कभी भी पिन डालने की जरूरत नहीं होती। पिन सिर्फ पैसे भेजने (Send) करने के लिए होता है (ज्यादातर फ्रौड इसी तरह होते हैं).
अगर कोई उन से कहे कि मैं आप को पैसे भेज रहा हूं, आप अपना पिन डालिए, तो समझ जाएं कि वह फ्रौड है। पिन (PIN) सिर्फ तभी डाला जाता है जब आप के खाते से पैसे कटने हों।
उन्हें कहें कि अपना यूपीआई पिन (UPI PIN) किसी को न बताएं, जैसे वे अपनी कोई कीमती चीज संभाल कर रखती हैं, यह भी उन्हें ऐसे ही संभालना है.
उन्हें बताएं कि पेमेंट करने से पहले स्क्रीन पर आने वाले व्यक्ति या दुकानदार के नाम को ध्यान से पढ़ लें।
कई बार मोबाइल नंबर गलत टाइप होने से पैसा किसी और को जा सकता है, इसलिए नाम कन्फर्म करना सब से सुरक्षित तरीका है।
रेलवे स्टेशन, पार्क या कैफे के मुफ्त वाईफाई पर कभी भी डिजिटल पेमेंट न करें। ऐसे नेटवर्क पर हैकर्स आप की बैंकिंग जानकारी चुरा सकते हैं। हमेशा अपने खुद के मोबाइल डेटा का ही इस्तेमाल करें।
मां को फोन में ट्रांजैक्शन हिस्ट्री (Transaction History) देखना जरूर सिखाएं। इस से उन्हें तसल्ली रहेगी कि पैसा सही जगह पहुंचा है।
उन के फोन पर हमेशा एक मजबूत स्क्रीन लौक (पैटर्न, पिन या फिंगरप्रिंट) होना चाहिए, ताकि अगर फोन कहीं गिर जाए या किसी के हाथ लग जाए, तो वह सीधे पेमेंट ऐप्स का इस्तेमाल न कर सके।
डिजिटल और फिजिकल किताबों का मेल
उन की पसंद का जोनर (Genre) खोजें। उन्हें वैसी ही किताबें ला कर दें जो उन के व्यक्तित्व से मेल खाती हों. उन्हें मुंशी प्रेमचंद, महादेवी वर्मा या अमृता प्रीतम की रचनाएं पसंद आ सकती हैं। उन्हें आधुनिक लेखकों की किताबें दें, महिलाओं की पत्रिका (गृहशोभा) दें ताकि वे समझ सकें कि आज की भाषा और लेखनशैली कैसी है और साथ में आप भी उन से पढ़ना और लिखना सीखें।
